♦इस खबर को आगे शेयर जरूर करें ♦

मेरी मौत के जिम्मेदार पत्नी, साली और विनोद हैं, सुसाइड नोट में लिखा दर्द

 

ग्वालियर। गोला का मंदिर में एक युवक ने फांसी लगाकर जान दे दी, पर मौत से पहले उसने अपने शब्दों में जीवन का दर्द लिखा है। उसने सुसाइड नोट में पत्नी पिंकी, साली दीपा और उनके एक दोस्त विनोद राठौर को अपनी मौत के लिए जिम्मेदार ठहराया है। वह लिखता है कि यह तीनों हर दिन मुझे परेशान करने के लिए प्लान करते रहते हैं।
रात को मृतक का पत्नी से विवाद भी हुआ था। जिसके बाद उसने आत्मघाती कदम उठाया है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और गेट के लॉक को गैस कटर से काटने के बाद शव को बाहर निकाला है। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
गोला का मंदिर निवासी 30 वर्षीय किशन नारवे एक प्राइवेट कंपनी में काम करता था। पर कुछ दिन से काम छूट गया था और वह यहां वहां मजदूरी कर अपना जीवन यापन कर रहा था। किशन की पत्नी पिंकी से उसकी जरा भी नहीं बनती थी। दोनों में आए दिन झगड़े हुआ करते थे। बीती रात भी दोनों में झगड़ा हुआ था। जिस पर पिंकी चली गई और रात को किशन ने यह खुद को फांसी लगाकर जान दे दी। घटना का पता उस समय लगा किशन का छोटा भाई वहां पहुंचा। उसने बताया कि किशन ने मौत से पहले उसे फोन किया था। जिस पर वह उसे देखने पहुंचा था। घटना का पता चलते ही गोला का मंदिर थाना पुलिस पहुंची। जिस कमरे में किशन ने फांसी लगाई थी उसकी कुंडी बंद थी। पुलिस ने गैस कटर लाकर कुंडी काटी है और शव को निगरानी में लेकर पोस्टमार्टम हाउस पहुंचाया। घटना स्थल से पुलिस को सुकड़ा हुआ एक कागज मिला है। यही किशन के हाथ का लिखा सुसाइड नोट था।
किशन ने मौत से पहले लिखा है “मेरी मौत के जिम्मेदार पिंकी, दीपा और विनोद राठौर है। इन्होंने एक बार मुझे मारने का प्रयास किया था। मेरे पेट व गर्दन पर चाकू मारा गया था, लेकिन मैं बच गया था। पर पिंकी (पत्नी) ने मुझे रिपोर्ट डालने से मना कर दिया था। यह रोज नया प्लान बनाते थे मुझे परेशान करने के लिए, इनकी करतूत मेरे मोबाइल में है। मैं कभी भी मर सकता हूं। आखिर में लिखता है पिंकी, दीपा और विनोद राठौर इस सुसाइड नोट से पता चलता है कि वह किस तरह अपनी पत्नी और साली से परेशान था।
इस मामले में गोला का मंदिर थाना पुलिस का कहना है कि शव को निगरानी में लेकर पोस्टमार्टम कराया है। साथ ही मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। सुसाइड नोट को निगरानी में ले लिया है।

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें




स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे

[responsive-slider id=1811]

जवाब जरूर दे 

क्या बिहार में भाजपा जेडीयू गठबंधन टूट जाएगा?

View Results

Loading ... Loading ...

Related Articles

Close
Close
Website Design By Bootalpha.com +91 84482 65129